Skip to main content

life poem in hindi


दूसरों से अलग होना 

तुम्हारा दूसरों से अलग होना 
उतना भी बुरा नहीं 
जितना की लोग मानते हैं
क्योंकि केवल तुम ही खुद को जानते हो
तुम वास्तव में क्या हो ये तुम पहचानते हो
तुम्हारा भूत तुमने जाना
भविष्य तुम्हें जानना होगा
अपने आप को केवल तुम्हें ही पहचानना होगा
इसलिए तुम अलग हो
ये जब कोई तुम से कहे
ये तुम अपनी कमजोरी न समझना
तुम खुद को पहचानना
तुम अलग हो ये सुन खुद को कमजोर न समझना। 

Comments

Popular posts from this blog

Today Thought

कौन क्या कहता है हमारे बारे ये सोचने में ही हमारा आधा वक्त निकल जाता है।  आधी से ज्यादा लड़ाई केवल इसलिए होती है कि हमारा नजरिया अपने लिए हमेशा सही दूसरों के लिए गलत होता है। भले फिर क्यों औरों की कहानी में हम भी बुरे हो। 

हम शायद भूल गए

खुद को सुनना‌ हम भूल गए हैं खुद को चुनना हमने दूसरों को ही अपना आईना बना लिया है हम भूल गए हैं अपने आप को चुनना हमने चुन लिया है शब्दों को हमने बंद कर दिया है किसी के मौन को समझना हम भूल गए हैं इंसान को समझना हमने चुन लिया है इंसान के शौर को हम ने चुन लिया है इंसान की बकवास को हम नहीं सुनना चाहते नहीं समझना चाहते किसी की  खामोशी को हमने चुन लिया के आज के ढोंग को हम भूल गए हैं किसी के चेहरे के भाव को पढ़ना। 

life real meaning thought

पैसा सबके पास नहीं हो सकता..पर उसे कमाने का मौका सबको मिलता है.. गलतियां स्वीकार करने का हुनर सबके पास नहीं होता है..जिनके पास होता है..वो जीवन में बेहतर करते है.. लोगों का काम है बाते बनाना ये हम पर निर्भर करता है..हम उसे कैसे लेते है.. दुनिया सबकी नहीं हो सकती..कई बार उसे अपने लिए बनाना पड़ता है..