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Showing posts from May 4, 2025

जीने के लिए सोचा ही नहीं

जीने के लिए सोचा ही नहीं दर्द संभालने होंगे ये वाक्य जीवन का सच बताता है। कि जिंदगी जीना है तो कुछ दर्द सहना ही होगा। कुछ यू ही आसान नहीं मिलेगा।  इसे हम ऐसे भी समझ सकते हैं कि जिन्दगी जीना भी एक कला है जहां पर इंसान खुद को स्थापित करता है । वो कौन है उसका क्या सपना है वो वास्तव में क्या करना चाहता है। इसके लिए वो लगातार मेहनत करता है। इस बीच वो अनेक तरह की चुनौतियों का भी सामना करता है।  जहां पर उसके जीवन में कई बार ऐसे पल भी आते हैं। जहां वो टूटने लगता है क ई बार उसे लगता है कि वो हार जाएगा इसके बावजूद वो दुनिया से लड़ता है । अपने मन में चल रहे अंतविरोधों का सामना करता है। क ई तरह के दुख को झेलता है तब वो आगे चलता है।