दर्द सहने की सीमा जब हद से पार हो जाया करती है तो बड़ी से बड़ी परेशानी सामान्य सी लगने लगती है ∣ बुरे वक्त में ही मालूम चलता है कौन अपना है कौन पराया ∣ समय की कमी सबके पास होती है उसकी कदर पर कुछ एक को होती है ∣ अक्सर जानते हुए हम गलतियां कर बैठते हैं ∣ इंसान जितना विकट परिस्थितियों में सीखता है उतना सामान्य परिस्थितियों में नहीं ∣
वो बात जो जरूरी है