अक्सर इंसान गीत के माध्यम से वो कह देता है, जो सामान्य रूप से भी कहना मुश्किल होता है ∣ भले वो गीत 'जब प्यार किया तो डराना क्या' हो, जो हर प्रेमिका की आवाज को जैसे पुरजोर रखता है ∣ तो वहीं प्रेम का गीत क्या है, इसे 'एक प्यार का नगमा 'ऐसे रखता है, जिसमें व़ो उसके हर रूप को बता देता है ∣ कि प्यार में इंसान कुछ पाता है, तो कुछ खोता है ∣ एक गीत ही तो होता है ∣ मनुष्य के गुन गुनाने का माध्यम जिसे सुनकर कभी वो रोता है, तो कभी वो उससे अपनी पुरानी यादें ताजा करता है ∣ आज भी समय बीत जानें के बाद कुछ गीत हमें उतने ही पसंद है ,जितने की पहले थे जिन्हें सुनकर हम जिंदगी में एक नयी उमंग तो कभी एक नया जोश पाते हैं ∣ 1. आज भी आशिकी 2 का गीत "अपने करम की कर अदाएं.. यारा.. यारा.. यारा.. मुझको इरादे दे, कसमें दे, वादे दे मेरी दुआओं के इशारों को सहारे दे दिल को ठिकाने दे, नए बहाने दे ख़्वाबों की बारिशों को मौसम के पैमाने दे अपने करम की कर अदाएं कर दे इधर भी तू निगाहें" 2.तो वही एलबम के गीतों में "लफ्ज़ कितने ही तेरे पैरों से लिपटे होंगे …. तूने जब आख़िरी ...
वो बात जो जरूरी है