जो लोग संविधान दिवस को यूं मान रहे हैं उन्हें ये याद रखना चाहिए कि संविधान के कारण ही कितने लोगों को बराबरी पर खड़े होने का हक मिला वरना कितनों को तो इंसान तक नहीं समझा जाता था। संविधान दिवस एक ऐसा दिवस है जब हम जानते हैं कि हम सब समान है।
वो बात जो जरूरी है