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Girls : हां लड़कियां भी गलत हो सकती है





हां लड़कियां भी गलत हो सकती है
कई बार वो भी गलतियां कर सकती है
पर इसका मतलब ये नहींं कि
क्योंकि वो लड़किया है 
सलिए वो गलत ही होगी।

वो भी कई बार कई नियम, कायदें 
तोड़ सकती है
सवाल जब उनसे सम्बाधित हो तो वो
प्रश्न पूछ जबाव मांग सकती है।

हां वो भी समाज के दोहरे चरित्र का 
हिस्सा हो सकती है
जहां बात जब उनकी 
तब चीजें कुछ और दूसरों पर कुछ और
लागू करने वाली उनकी सोच हो सकती है।

हां वो गलत हो सकती है
लेकिन इसका मतलब ये नहीं
क्योंकि वो लड़कियां है
इसलिए वो गलतियां करेंगी
सही गलत में भेंद न करेंगी।

उनका संघर्ष भी उतना ही ज्यादा है
ये बात अलग है
हर किसी उनका संघर्ष 
सिर्फ दिखाता आधा है।

जहां सबकुछ उनके कैरेक्टर
सटिर्फिकेट पर आकर 
खत्म हो जाता।

जब सवाल उनके हक का हो
तब ये समाज मौन हो जाता।

जिन्हें लड़की हमेशा वो गलत ही नजर आती है।
आज जमाना ये है
जहां वो अपने भाई के साथ भी कहीं जाएं तो
 वो लोगों को किसी दूसरे लड़के के साथ जाती नजर आती है।

जहां सारे नियम सिर्फ उस पर लागू
मर्यादा का ठेका वो बचपन लेकर
जीवन के अंत तक निभाती है।

जो लोग कहते है न कि
ये लड़कियां कितनी ज्यादा चालाक है
उन्हें कौन समझाएं
जिस दिन वो चालाक न रहीं 
उस दिन ये शोषणकारी नीतियां
 उन्हें खत्म कर डालेगी।

हां वो गलत होगी कई बार
जरुरी नहीं, उनका हर सिलेक्शन सही ही होगा
पर इसका मतलब ये नहीं की 
 वो लड़किया है इसलिए वो हर जगह गलत ही होगी।




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