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त्यौहारों की अपनी विशेषता है

 



त्यौहार कोई सा भी सबका अपना महत्व होता है ∣ 

इन त्यौहारों की वजह से ही तो हम अपनों को और बेहतर से जानते हैं  अपनों संग हंसते और गुनगुनाते है ∣ 

बात चाहे अपनों संग त्यौहारों को मनाने या उसकी  तैयारी करना हो ये एक ऐसा मौका होता है जब हम सब अपने रिश्तों की मधुरता को और ज्यादा बढ़ाते हैं ∣ एक वक्त के लिए मनमुटाव दूर कर अपनों संग संचार कर उनके दिलों की बात को जानते है∣ 

बड़े खुशनसीब व़ो लोग होते हैं  जिनके संग त्यौहार को मनाने के लिए  उनके  अपने होते हैं ∣ 

आज वैश्वीकरण के दौर में  एक ओर पूरी दुनिया एकसाथ आ गयी है जहां हमें किसी भी देश के लोग से बातचीत करने के लिए ज्यादा समय की जरूरत नहीं होती है वहीं  दूसरी ओर हम अपनों से काफी दूर जा होते जा रहे हैं ∣ जहां हमारे पास सब के लिए वक्त है केवल अपनों के लिए वक्त नहीं है ∣  अपने पड़ोसी के हाल चाल हमें कम पता होगें पर  पूरी दुनिया की खबर हमें होगी ∣ 


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Today Thought

कौन क्या कहता है हमारे बारे ये सोचने में ही हमारा आधा वक्त निकल जाता है।  आधी से ज्यादा लड़ाई केवल इसलिए होती है कि हमारा नजरिया अपने लिए हमेशा सही दूसरों के लिए गलत होता है। भले फिर क्यों औरों की कहानी में हम भी बुरे हो। 

हम शायद भूल गए

खुद को सुनना‌ हम भूल गए हैं खुद को चुनना हमने दूसरों को ही अपना आईना बना लिया है हम भूल गए हैं अपने आप को चुनना हमने चुन लिया है शब्दों को हमने बंद कर दिया है किसी के मौन को समझना हम भूल गए हैं इंसान को समझना हमने चुन लिया है इंसान के शौर को हम ने चुन लिया है इंसान की बकवास को हम नहीं सुनना चाहते नहीं समझना चाहते किसी की  खामोशी को हमने चुन लिया के आज के ढोंग को हम भूल गए हैं किसी के चेहरे के भाव को पढ़ना। 

life real meaning thought

पैसा सबके पास नहीं हो सकता..पर उसे कमाने का मौका सबको मिलता है.. गलतियां स्वीकार करने का हुनर सबके पास नहीं होता है..जिनके पास होता है..वो जीवन में बेहतर करते है.. लोगों का काम है बाते बनाना ये हम पर निर्भर करता है..हम उसे कैसे लेते है.. दुनिया सबकी नहीं हो सकती..कई बार उसे अपने लिए बनाना पड़ता है..