समय के साथ हर किसी इंसान को दूसरे लोगों से आलोचना के रूप में ये सुनने को ही मिलता है , कि यर तु बदल गया है जबकि उस बोलने वाले को क्या पता ? मेरा दोस्त नहीं बल्कि उसकी परिस्थितियों ने उसे बदला है ∣
जीवन के कठिन पड़ावों को चढ़ते- चढ़ते उस ने बेवजह की बातों पर सोचना बंद कर दिया है ∣
जिस छोटी बात को लेकर वो कभी परेशान सा हो जाता था अब जिंदगी में होने वाली बड़ी घटनाओं से उसे पूरा बदल दिया है ∣
बोलने वाला इंसान इस बात से बेखबर कि बदलाव जीवन का वो अहम हिस्सा होता है ∣ जिसका हमारे जीवन में होना जरूरी होता है ∣ किसी की जिंदगी में बदलाव थोड़ा ज्यादा तो किसी की जिंदगी में बदलाव कम होता है ∣
अगर आप भी करना चाहते हो अपने जिंदगी में अपने ख्वाब को पूरा तो बदलिए ,अपनी उन आदतों को जो आपको अपने सपने से दूर करता हो क्योंकि सपने बगैर इंसान का कोई अस्तित्व ही नहीं होता है ∣

Comments