वो पिता ही तो होते हैं


वो पिता ही तो होते हैं

जो हमें गलती करने पर  डाट लगाते  है

किन्तु जब बात आए

हमारी तरफदारी की तो मम्मी से ज्यादा

वो ही तो हमारे लिए दूसरों से है लड़ते हैं, 


जो देते हैं हमें संदेश जीवन जीने का

कि करोगें परिश्रम तो ही मिलेगा

 तुम्हें इस दुनिया से कुछ नेक

वरना हो जाओगे तो तुम ऐसे ही बूढ़े

तुम्हारे बाल होगें  धूप में ही  सफेद , 


लोग कहते हैं कि हर बाबुल के 

घर में होता है बिटिया का

 ठिकाना कुछ दिनों का

किन्तु जब बेटी ससुराल चली जाए

उसकी राह माँ से ज्यादा पिता ही तो देखते हैं, 


माँ की तरह भले पिता अपने 

स्नेह का इजहार न करें अपने बच्चों से

किन्तु अपने बच्चों की खुशी के लिए 

कितना कुछ सहते हैं, 


माँ देती है हमें जीवन जीने की सीख तो

पिता हमें जिंदगी को कैसे जीना है 

उसकी सीख हर समय देते हैं

वो पिता ही तो होते हैं

जो हमारी जिद्द को पूरा करने के लिए

अक्सर अपने खर्च कम कर देते हैं ∣

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