Skip to main content

ऐसे ही नहीं बनती कोई खास शख्सियतें






अक्सर जिंदगी की निराशा और आशा की बीच में हम फंस सा जाते  हैं और खुद से ही कही दूर चले जाते हैं 𝙡

हम लड़ते  है क ई लड़ाई अपने आप से, किन्तु बाहर जो हम कर रहे होते हैं वहीं सिर्फ लोगों को नजर आते हैं ऐसा नहीं है, हर कोई सुकून की नींद सोता है𝙡 हर किसी की जिंदगी में एक पल निराशा भरा भी होता है 𝙡

अक्सर हमें झूठा  वहम सा होता है 𝙡

सिर्फ मेरी जिंदगी में ही सारे गम है𝙡 मेरी जिंदगी ही चुनौतियों से भरा सितम है, 

हर कोई खुशी की ही जिंदगी जी रहा हो ऐसा   जरूरी नहीं होता है व़ो भी पीता है क ई बार  खून के घूंट जो अक्सर  हमारी आंखों से ओझल  होता है 𝙡

हर दिन जिंदगी में कुछ नया होता कुछ पुराना फिर से न ए में तब्दील होता है𝙡

कुछ भर जाते हैं गम 

कुछ हर दिन खरोंचे जाते हैं, 

कुछ तो बोल कर भी नही बोल पाते हैं   , 

शिकायत एक बार सबकी खुदा से  होती है,

क्यों मेरी ही जिंदगी  सारे दर्द 

से भरी हुई होती है𝙡

किन्तु ऐसा भी क्या होता हर किसी की जिंदगी में कुछ न कुछ मुश्किलें से भर पड़ाव  जरूर होता है, जो हर दिन उसे जीकर भी  नहीं   जीने देता है 𝙡

क ई दर्द सहकर कोई जिंदगी में बनता है परिपक्व

त़ो कोई जिंदगी के इम्तिहान देकर

गम्भीर ह़ोता है, 

अक्सर किसी खास शख्सियत का जन्म

ढेरों तुफान के बीच में होता है, 

क ई ठोकरे खाकर

क ई आसूं पीकर होता है, 

तब भी जो नहीं रूकते

अपने जुनून के आगे

अक्सर उनके ही पैर में

बेड़ियाँ  पहनने का दर्द होता है𝙡

जो अक्सर देखते हैं 

गगन चुमने के सपने, 

उनके के ही जीवन  में आती है क ई तूफानों की लहरे

क्या ऐसी ही किसी खास शख्सियत का जन्म होता 𝙡

Comments

Popular posts from this blog

Today Thought

कौन क्या कहता है हमारे बारे ये सोचने में ही हमारा आधा वक्त निकल जाता है।  आधी से ज्यादा लड़ाई केवल इसलिए होती है कि हमारा नजरिया अपने लिए हमेशा सही दूसरों के लिए गलत होता है। भले फिर क्यों औरों की कहानी में हम भी बुरे हो। 

हम शायद भूल गए

खुद को सुनना‌ हम भूल गए हैं खुद को चुनना हमने दूसरों को ही अपना आईना बना लिया है हम भूल गए हैं अपने आप को चुनना हमने चुन लिया है शब्दों को हमने बंद कर दिया है किसी के मौन को समझना हम भूल गए हैं इंसान को समझना हमने चुन लिया है इंसान के शौर को हम ने चुन लिया है इंसान की बकवास को हम नहीं सुनना चाहते नहीं समझना चाहते किसी की  खामोशी को हमने चुन लिया के आज के ढोंग को हम भूल गए हैं किसी के चेहरे के भाव को पढ़ना। 

life real meaning thought

पैसा सबके पास नहीं हो सकता..पर उसे कमाने का मौका सबको मिलता है.. गलतियां स्वीकार करने का हुनर सबके पास नहीं होता है..जिनके पास होता है..वो जीवन में बेहतर करते है.. लोगों का काम है बाते बनाना ये हम पर निर्भर करता है..हम उसे कैसे लेते है.. दुनिया सबकी नहीं हो सकती..कई बार उसे अपने लिए बनाना पड़ता है..