क्या रखा है जिंदगी में
आज के मिले कल नहीं मिलते लोग
खेद पूर्ण जिंदगी क्यों
आखिर जीना,
दोस्त हो या अपने
सब से थोड़ा अच्छे से पेश आना
दो पल की जिंदगी है,
आज यहाँ तो कल वहाँ
अफसोस न रह जाएं
जिंदगी में
कल है किसने देखा
मैं यहाँ तुम वहाँ.
क्या रखा है जिंदगी में
आज के मिले कल नहीं मिलते लोग
खेद पूर्ण जिंदगी क्यों
आखिर जीना,
दोस्त हो या अपने
सब से थोड़ा अच्छे से पेश आना
दो पल की जिंदगी है,
आज यहाँ तो कल वहाँ
अफसोस न रह जाएं
जिंदगी में
कल है किसने देखा
मैं यहाँ तुम वहाँ.
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