एक अलग नजरिये के साथ राजनीति की कठिनाई को बड़ी सरलता से बतती है जो प्रकाश झा के निर्देशन में बनायी गयी है जो राजनीति के लिए एक "मील का पत्थर है" .
इस मूवी का गाना जो आज भी दर्शकों बहुत पसंद है -
"मोरा पिया मोसे बोलत नाहीं".
इसके सभी डायलाॅग जो दशकों को काफी अच्छे लगते हैं जो राजनीति को सजीवता प्रदान करते हैं जिसमें सबसे इमोशनल डायलॉग इन्दु ( कैटरीना कैफ) द्वारा बोला
जाता है कि " अभी हमारे हाथ की मेंहदी का रंग भी नहीं छूटा और हमारा सुहाग उजड़ गया "ये दर्शकों को काफी हद तक भावुक करता है.
जाता है कि " अभी हमारे हाथ की मेंहदी का रंग भी नहीं छूटा और हमारा सुहाग उजड़ गया "ये दर्शकों को काफी हद तक भावुक करता है.
इस मूवी में बताया गया है कि राजनीति में लोग बहुत पेशेवर होते हैं जहाँ हर चीज का फैसला चुनाव के लिए पैसे,सीट पर निर्भर करता है जहाँ प्यार, मोहब्बत और अपनापन एक जुमला सा लगता है.
**समकालीन समय में इस मूवी के द्वारा हम के आज के समय की राजनीति
को काफी हद तक समझ सकते हैं.**
को काफी हद तक समझ सकते हैं.**

Comments