जिंदगी में जीतने का जोश रखो
हराने की वजह रखो
जो तेरा है तेरे दर में खुद
आऐगा रोज रोज उसे पाने की चाह न रखो।
जिंदगी में लड़ने की ताकत रखो
गिरकर उठने की
हिम्मत रखो।
जिंदगी बहता नीर है
उस नीर में खुद को पानी
संग चलने की हिम्मत रखो।
दुनिया क्या कहेगी
इसका तुम फिक्र न रखो।
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