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समय की बात है

समय समय की बात है कि कभी हम कुछ दिनों के लिये होलीडे चाहते थे लेकिन अब जब हमारे चाहने से भी ज्यादा हमें छूट्टिया मिल गयी है तो लगता है कि वो दिन ही सही थे किसी ख्वाब को पूरा करने के लिए हम सुबह उठकर किसी काम के लिए निकलते थे और शाम होते ही घर को आया करते थे जब सोते थे तो सुकून की नींद सोते थे कि आज का दिन किसी नयी चीज को देखने और सीखने में निकल.

सुबह की चल पहल बच्चों को स्कूल जाते तो कुछ को आफिस जाते देखते थे.

कभी सुबह बस के लिए भागते थे . 
"दोस्तों 
'समय बीत जाने में वक्त नहीं लगता , 
सुबह से शाम तो हर दिन होती है
लेकिन अपनों का साथ छूट जाने 
में वक्त नहीं लगता, 
कोई मजिलं पाने में मुसफिर बना जाता
तो किसी की नीयत बदलने में
वक्त नही ं लगता, 
किसी ने सच ही कहा है
भीड़ से  अलग जो निकल
गया मजिलं पा लेने के
एक 👣 और वो आगे 
बढ़ गया.

"समय समय की बात है कोई समय के साथ निकल गया तो कोई समय नहीं कहते ही कहते उसकी जिदंगी का आधा वक्त निकल गया."


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Today Thought

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हम शायद भूल गए

खुद को सुनना‌ हम भूल गए हैं खुद को चुनना हमने दूसरों को ही अपना आईना बना लिया है हम भूल गए हैं अपने आप को चुनना हमने चुन लिया है शब्दों को हमने बंद कर दिया है किसी के मौन को समझना हम भूल गए हैं इंसान को समझना हमने चुन लिया है इंसान के शौर को हम ने चुन लिया है इंसान की बकवास को हम नहीं सुनना चाहते नहीं समझना चाहते किसी की  खामोशी को हमने चुन लिया के आज के ढोंग को हम भूल गए हैं किसी के चेहरे के भाव को पढ़ना। 

life real meaning thought

पैसा सबके पास नहीं हो सकता..पर उसे कमाने का मौका सबको मिलता है.. गलतियां स्वीकार करने का हुनर सबके पास नहीं होता है..जिनके पास होता है..वो जीवन में बेहतर करते है.. लोगों का काम है बाते बनाना ये हम पर निर्भर करता है..हम उसे कैसे लेते है.. दुनिया सबकी नहीं हो सकती..कई बार उसे अपने लिए बनाना पड़ता है..