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सफरनामा

जिंदगी  मिलती तो सबको एक सी है फर्क सिर्फ इतना होता है कि लोग उसे कैसे जी रहे है कुछ इंसान ऐसे तो है जो कि कुछ पाने की चाह में दिन -रात लगे रहते हैं तो  कई
केवल जिंदगी को जी रहे  होते है।
जब मैं इसका जिक्र करती हूँ तो मेरे जहान में अंग्रेजी कविता की अंतिम पंक्ति याद आती है जिसमें लेखक आईना की तरह साफ शब्दों में कहता है" कि जो व्यक्ति अपने जीवन में जोखिम नहीं लेता है ,उसकी आजादी का हरण दूसरे लोगों के दूवारा कर लिया जाता है और इसके विपरीत जो लोग जोखिम लेते हैं वो उसमें सफलता हासिल कर पाऐं   या न पर ऊंचाई तक जरुर पहूंचते है। "
          

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Today Thought

कौन क्या कहता है हमारे बारे ये सोचने में ही हमारा आधा वक्त निकल जाता है।  आधी से ज्यादा लड़ाई केवल इसलिए होती है कि हमारा नजरिया अपने लिए हमेशा सही दूसरों के लिए गलत होता है। भले फिर क्यों औरों की कहानी में हम भी बुरे हो। 

हम शायद भूल गए

खुद को सुनना‌ हम भूल गए हैं खुद को चुनना हमने दूसरों को ही अपना आईना बना लिया है हम भूल गए हैं अपने आप को चुनना हमने चुन लिया है शब्दों को हमने बंद कर दिया है किसी के मौन को समझना हम भूल गए हैं इंसान को समझना हमने चुन लिया है इंसान के शौर को हम ने चुन लिया है इंसान की बकवास को हम नहीं सुनना चाहते नहीं समझना चाहते किसी की  खामोशी को हमने चुन लिया के आज के ढोंग को हम भूल गए हैं किसी के चेहरे के भाव को पढ़ना। 

life real meaning thought

पैसा सबके पास नहीं हो सकता..पर उसे कमाने का मौका सबको मिलता है.. गलतियां स्वीकार करने का हुनर सबके पास नहीं होता है..जिनके पास होता है..वो जीवन में बेहतर करते है.. लोगों का काम है बाते बनाना ये हम पर निर्भर करता है..हम उसे कैसे लेते है.. दुनिया सबकी नहीं हो सकती..कई बार उसे अपने लिए बनाना पड़ता है..