जीवन की अनिश्चितता के बीच

कितनी अजीब बात है न इस दुनिया में इतनी अनिश्चितता के बावजूद हम सब ऐसी चीजों के पीछे दौड़ रहे हैं ∣ जो प्रतिशत और अंकों के माध्यम से हमारी सफलता और असफलता को अभिव्यक्त करती है ∣ जो हर किसी को नहीं कुछ ही लोगों को मिलती है ∣
इसके बावजूद भी हम कहते हैं कि इस दुनिया को समझ गए हैं जबकि इस दुनिया के बहुत थोड़े अर्थ को हम समझ पाते हैं  ∣
कुछ लोग में तब ही ये अहम होता है ∣ कि वो सबकुछ जानते हैं उनसे महान तो इस दुनिया में कोई नहीं है ∣




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